वधु - वर फॉर्म

बैतूल की श्रद्धा साहू का नाम गिनीज बुक वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज

02 November 2018 Rathod Teli Sahu Samaj 53 views

इंदौर के इंदिरा बिजनेस स्कूल में रखा है स्कल्पचर

             बैतूल उम्र 21 साल नाम श्रद्धा साहू यह नाम आप किसी परिचय का मोहताज नहीं रहा ।  इतनी कम उम्र में श्रद्धा ने गिनीज बुक वर्ल्ड रिकॉर्ड में अपना नाम दर्ज करा कर अलग पहचान बनाई है । 14900 किलो का उपयोग करके 17 घंटे 39 मिनट में विश्व शांति का प्रतीक बनाने पर वसूल की श्रद्धा साहू एवं उनकी टीम का नाम गिनीज बुक वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज किया गया है । श्रद्धा साहू इस टीम की ऑपरेशन हेड थी और टीम में केवल वे ही नॉन प्रोफेशनल थी । इसीलिए टीमवर्क में उनकी भूमिका काफी महत्वपूर्ण आ रही । वर्ष 2018 अक्टूबर माह में गिनीज बुक वर्ल्ड रिकॉर्ड की टीम द्वारा उन्हें सर्टिफिकेट जारी किया गया है । श्रद्धा ने बताया कि वर्ल्ड पीस सिंबल का यह स्कल्पचर 6 फीट चौड़ा तथा 6 फीट लंबा है। इस का वजन लगभग 300 किलोग्राम है । इसे बनाने में 14992 किलो का उपयोग किया गया था । 17 घंटे 39 मिनट में तैयार किया । इस स्कल्पचर की खासियत यह है कि इसे सिर्फ  खिलो से वेल्डिंग करके बनाया है । उन्होंने बताया कि पिछले वर्ल्ड रिकॉर्ड 10000 खिलो से बनाया गया था । लेकिन भारत में बनाया इस प्रकार का पहला स्कल्पचर है । श्रद्धा सबूरी व उनकी टीम ने वर्ल्ड रिकॉर्ड के लिए 25 मार्च 2017 को अप्लाई किया था । जिसका परिणाम वर्ष 2018 में आया । इस स्कल्पचर का निर्माण प्रसिद्ध आर्टिस्ट विजन खान के मार्गदर्शन में तैयार किया गया था । श्रद्धा को गिनीज बुक वर्ल्ड रिकॉर्ड की तरफ से अक्टूबर 2018 में सर्टिफिकेट जारी किया गया है । उन्होंने बताया कि उनकी टीम ने सामाजिक उद्देश्य को ध्यान में रखकर इस स्कल्पचर  की रचना की गई थी । श्रद्धा शहर के विवेकानंद वार्ड में निवास करती है और वर्तमान में इंदौर में रहकर आर्किटेक्चर की पढ़ाई कर रही है । श्रद्धा साहू के पिता श्रवन साहू की गंज में रेडीमेड कपड़ों की दुकान है और उनकी माताजी सुनंदा साहू आर्ट ऑफ लिविंग की टीचर है । परिजनों ने श्रद्धा की इस उपलब्धि को एैतिहासिक बताया

शेयर करा:

📺 संबंधित व्हिडिओ:

▶️
Click to load video
YouTube Thumbnail

राजिम भक्तिन माता की जीवन कथा | Rajim bhaktin Mata History