गोंदिया में संत संताजी जगनाडे महाराज की जयंती पर भक्ति और समाज प्रबोधन का आयोजन; संत तुकाराम साहित्य के जतन पर रखे विचार
तिरोडा (जिला गोंदिया) : संत शिरोमणी श्री संताजी जगनाडे महाराज की जयंती साईं कॉलोनी, नेहरू वार्ड में 18 दिसंबर को बड़े उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाई गई। इस अवसर पर नागपुर विभागीय उपाध्यक्ष चित्रा कमल कापसे ने मुख्य अतिथि के रूप में अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि संताजी जगनाडे महाराज ने जगद्गुरु संत तुकाराम महाराज के अमूल्य साहित्य और अभंग गाथा का विशेष जतन किया। संताजी महाराज तुकाराम महाराज के समकालीन थे और उन्होंने उनकी रचनाओं को संरक्षित रखने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। यह कार्य आज भी संत परंपरा के लिए प्रेरणादायक है।
कार्यक्रम की शुरुआत अधिवक्ता अशोक मलेवार के समाज प्रबोधन से हुई। उन्होंने समाज को एकजुट रहने, शिक्षा और संस्कारों पर जोर देने का आह्वान किया। इस मौके पर पूर्व पंचायत समिति सदस्य तथा राष्ट्रवादी महिला आघाड़ी की अध्यक्ष जया धावडे, संदीप पाटील और सुरेश शहारे जैसे मान्यवर उपस्थित थे। कार्यक्रम में समाज की नई कार्यकारिणी का गठन भी सर्वसम्मति से किया गया।
नई कार्यकारिणी में दामोदर बावनकर को अध्यक्ष, ईश्वर लांजेवार को सचिव, बालकुमार फटिंग को कोषाध्यक्ष, रामकृष्ण तिबुडे को उपाध्यक्ष, जयकुमार खोब्रागड़े को सहसचिव और राजकुमार रुद्रकार को सहकोषाध्यक्ष चुना गया। युवा कार्यकारिणी में देवेंद्र कुंभलकर, संदीप पाटील, मनोहर कुंभलकर, रामदास साठवने, पंकज बावनकर, गभने और कल्पना साकुरे को जगह दी गई। मार्गदर्शक के रूप में अधिवक्ता अशोक मलेवार, प्राचार्य डी. आर. गिरीपुंजे और प्राचार्य कमल कापसे की नियुक्ति हुई।
कार्यक्रम में मनोज बावनकर, पारबता बलीराम कापसे, श्रुति फटिंग, अलका बडवाईक, अनुप थोटे सहित कई समाज बांधव और भगिनियां उपस्थित थे। सभी ने संताजी महाराज के जीवन और कार्य को याद करते हुए भक्ति भाव से कार्यक्रम में भाग लिया। इस तरह के आयोजन समाज में एकता बढ़ाने के साथ-साथ संत परंपरा के मूल्यों को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का अच्छा माध्यम बनते हैं।
