वधु - वर फॉर्म

कांग्रेस हो या भाजपा, साहू तेली प्रत्याशी को ही जिताएंगे...????

29 May 2017 Teli samaj 0 views

         छत्तीसगढ़ रायपुर - विधानसभा चुनाव से 3 साल पहले ही सामाजिक ध्रुवीकरण शुरू हो गया है । रविवार को राजधानी की भामाशाहा  भवन में साहू समाज ने बड़ी बैठक की । इसमें समाज के भाजपा आप नेता एक मंच पर नजर आए । महिला एवं बाल विकास मंत्री रमशिला  साहू व कांग्रेस के पूर्व सांसद ताम्रध्वज साहू की मौजूदगी मैं राज्य में समाज को राजनीतिक रुप से सशक्त बनाने की इशारो इशारो में पुरजोर वकालत हुई । सभी ने एक सुर में इस पर सहमति जताई कि साहू उमेदवार चाहे किसी दल का हो सभी मिलकर उसे भाई तभी साहू तेली समाज  छत्तीसगढ़ में सशक्त राजनीतिक शक्ति के रुप में स्थापित होगा । बैठक के दौरान समाज की तरफ से सीधा संदेश दिया गया कि तू जहां है वहीं पर काम करें । नेतृत्व क्षमता बढ़ाए ताकि आने वाले समय में कुछ भी राजनीतिक दल ज्यादा से ज्यादा प्रतिनिधि देने को मजबूर हो । साहू समाज की इस बैठक को अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले छत्तीसगढ़ की राजनीति में साहू समाज का राजनीतिक दबदबा बनाए रखने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है । उल्लेखनीय है कि लोकसभा और विधानसभा चुनाव में टिकट बंटवारे से लिख उम्मीदवारों की जीत-हार तक में सामाजिक  समीकरणों की महत्वपूर्ण भूमिका रही है ।

यह हुए शामिल  

महिला एवं बाल विकास मंत्री रमशीला साहू, कांग्रेस सांसद ताम्रध्वज साहू, संसदीय सचिव चुन्नीलाल साहू और तोखंन साहू वित्त आयोग के अध्यक्ष चंद्रशेखर साहू, पिछड़ा वर्ग विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष चुन्नीलाल साहू, पूर्व विधायक दयाराम साहू, लेखराम साहू,  प्रीतम साहू  आदि । समाज की सामाजिक कार्यकारिणी की बैठक में समाज की वर्तमान स्थिति और सामाजिक संगठन की आगामी रुपरेखा तय की गई  ।  

छत्तीसगढ़ में पिछड़े वर्ग की आबादी लगभग 27 फ़ीसदी है । इसमें लगभग छप्पन लाख वोटर अकेले साहू समर सें हैं ।  सबसे संगति वोटर के रूप में उभरने के कारण प्रदेश की 90  विधानसभा सीटों में से  34  सीटों पर समाज का दबदबा है । लगभग 24 सीटों की राजनीतिक भविष्य समाज कार्य करता है । यही कारण है कि भाजपा और कांग्रेस दोनों राजनीतिक दल साहू समाज को  साधने में लगे रहते हैं । भाजपा और कांग्रेस दोनों पार्टियों ने  साहू समाज के लोगों को अपने संगठन में महत्वपूर्ण दायित्व भी सौप रखी है

 सामाजिक बैठक में समाज के विकास और उन्नति को लेकर चर्चा हुई । इसमें शिक्षा आर्थिक और राजनीतिक रुप से समाज को सशक्त बनाने पर जोर दिया गया । सामाजिक पदाधिकारियों की मौजूदगी में हुई इस बैठक में जहां की नगर पालिका को नगर निगम बनाया गया है वहां तहसील स्तरीय सामाजिक संगठन बनाने का प्रस्ताव पारित हुआ ।  साथ ही सामाजिक बुराइयों अंधविश्वास रूढ़िवादी परंपराओं को छोड़ने और नशा मुक्त समाज के निर्माण की दिशा में काम करने की अपील की की गई

शेयर करा:

📺 संबंधित व्हिडिओ:

▶️
Click to load video
YouTube Thumbnail

PM नरेंद्र मोदी, तेली OBC समाज और UGC Bill Controversy - जाति है कि जाती ही नहीं