Sant Santaji Maharaj Jagnade
समय के साथ कदमताल... साहू समाज ने समय के साथ बदली सोच, मय्यत में कफन की जगह लेकर जाते हैं मदद की राशि । समाज की खातिर मृत्यु भोज में मीठा खिलाने से दुर्ग सांसद ने किया तौबा
भिलाई - छत्तीसगढ़ साहू समाज ने बरसों से चली आ रही मृत्युभोज में मीठा खिलाने की परंपरा को अब ना कह दिया है । ऊंच-नीच, छोटे-बडे, अमीरगरीब का भेद दूर करते हुए समाज में एक साथ इस नियम को अपनाने के लिए लोगों को जागरूक किया जा रहा है । समाज की ये पहले उस वक्त और अधिक प्रभावी हो गई जब दुर्ग के सासद ताम्रध्वज साहू ने अपने पिता के स्वर्गवास के दशगात्र कार्यक्रम में मीठा खिलाने से स्वयं हाकर परहेज किया ।
साहू समाज जय माॅ खल्लारी परिक्षेत्र खल्लारी द्वारा, समाज हित में उत्कृष्ट कार्य कर चुके जीवन पर्यंत समाज की सेवा करने वाले पूर्व सामाजिक पदाधिकारियों में ग्राम चरौदा (बांध) से श्री झाडू राम साहू और श्री खोरबाहरा राम साहू, ग्राम ढोड़ (तमोरा) से श्री बलीराम साहू, ग्राम बी.के. बाहरा से श्री कलाराम साहू, परसदा से श्री नाथुराम साहू को साहू समाज
मां कर्मा जयंती समारोह 2019 साहू मां कर्मा मंदिर समिति, द्वारा आयोजित किया जा रहा है । मां कर्मा जयंती समारोह बागसेवनिया अमराई परिसर, भोपाल, राष्ट्रीय तेली साहू महा संगठन भोपाल दिनांक 31 मार्च 2019 दिन रविवार को आयोजित होगा । इस समारोह में वाहन रावली एवो चल समारोह भी आयोजित होगा । कलश यात्रा सुबह 9:00 बजे से बागसेवनिया दुर्गा मंदिर से प्रारंभ होकर साहू मां कर्मा मंदिर पहुंचेगी ।
अभनपुर छत्तीसगढ़ रायपुर संभाग साहू युवा प्रकोष्ठ के अध्यक्ष । जयंत साहू के द्वारा संगठन को मजबूती देने प्रदेश अध्यक्ष विपिन साहू व युवा प्रकोष्ठ प्रदेश अध्यक्ष सत्यप्रकाश साहू के सहमति से रायपुर संभाग के कार्यकारिणी का विस्तार किया गया जिसमें तुकेश साहू को उपाध्यक्ष बनाया गया है। तुकेश को उपाध्यक्ष बनाने से अभनपुर अंचल में खुशी की लहर है। समाज के युवा यशवंत साहू,
आजसे एक हजार वर्ष पूर्व झासी उत्तरप्रदेश में श्री रामशाह प्रतिष्ठित और संपन्न तेल के बडे व्यापारी थे । वे एक समाज सुधारक, दयालु, धर्मात्मा तथा परोपकारी व्यक्ति थे । उनकी पत्नी को शुभ नक्षत्र, मे चैत्र माह के क्रष्ण-पक्ष की एकादशी को संवत 1073 विक्रम में एक कन्या रत्न का जन्म हुआ । विद्वान पण्डितो ने कन्या की जन्मपत्री बनवाई । पण्डितो ने ग्रह, नक्षत्र का शोधन करके कहा- राम शाह तुम बहुत ही भाग्यवान हो जो एसी गुणवान कन्या रत्न ने तुम्हारे यहां जन्म लिया है । वह भगवान की उपासक बनेगी । शास्त्रानुसार पुत्री का नाम कर्माबाई रखा गया ।